पानीपत। शिवनगर में ओवरलोड के कारण बार-बार बिजली के तार टूटने और उससे पैदा हुए हादसे के डर पर आखिरकार बिजली निगम ने संज्ञान ले लिया है। स्थानीय निवासियों की लगातार आ रही शिकायतों और बढ़ते आक्रोश के बाद विभाग ने एक्शन मोड में आते हुए क्षेत्र में पुराने और जर्जर तारों को बदलने का काम शुरू कर दिया है।
नए और मजबूत केबल लगाने का काम शुरू
बिजली विभाग की टीमें शिवनगर की गलियों में मुस्तैद हैं और पुराने ढीले तारों को हटाकर उनकी जगह उच्च क्षमता वाले नए और कवर्ड (प्लास्टिक कोटिंग वाले) केबल डाले जा रहे हैं। अधिकारियों का मानना है कि इन नए तारों के लगने से ओवरलोड के कारण होने वाली स्पार्किंग और तार टूटने की घटनाओं पर पूरी तरह से लगाम लग सकेगी।
लोगों ने ली राहत की सांस, लेकिन उठाई यह मांग
विभाग की इस त्वरित कार्रवाई से शिवनगर के लोगों ने बड़ी राहत की सांस ली है। गलियों में काम शुरू होने से अब लोगों को बार-बार होने वाले फॉल्ट और लंबे बिजली कटों से मुक्ति मिलने की उम्मीद जगी है।
निवासियों का कहना है:
"तारों का बदला जाना एक बहुत अच्छा कदम है, इसके लिए हम विभाग के आभारी हैं। लेकिन हमारी मांग यह भी है कि तारों को बदलने के साथ-साथ यहाँ के ट्रांसफार्मर की क्षमता भी बढ़ाई जाए, ताकि भविष्य में ओवरलोड की समस्या दोबारा खड़ी न हो।"
काम के दौरान कुछ घंटों की रहेगी बिजली कटौती
बिजली निगम के अधिकारियों ने क्षेत्रवासियों से सहयोग की अपील की है। नए तार डालने के काम के चलते इलाके में कुछ-कुछ घंटों के लिए बिजली बंद (सटडाउन) रखी जा रही है, ताकि कर्मचारी बिना किसी खतरे के काम को जल्द से जल्द पूरा कर सकें। उम्मीद जताई जा रही है कि अगले 1-2 दिनों में पूरे इलाके की बिजली व्यवस्था पूरी तरह से दुरुस्त हो जाएगी।

